छत्तीसगढ़ स्टेट पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी ने महासमुंद वृत्त में कड़े निर्देश जारी किए हैं। 5 हजार रुपए से अधिक का बकाया होने पर अब सीधे बिजली कनेक्शन काटे जाएंगे और लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों पर भी कार्रवाई होगी।
महासमुंद: छत्तीसगढ़ स्टेट पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड के प्रबंध निदेशक भीम सिंह की मौजूदगी में महासमुंद वृत्त कार्यालय में राजस्व वसूली को लेकर एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में महासमुंद, पिथौरा, सरायपाली और गरियाबंद संभागों में बकाया राजस्व की वसूली को लेकर बेहद कड़े दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं।
5 हजार से अधिक बकाये पर होगी सीधी कार्रवाई
बैठक में स्पष्ट किया गया है कि जिन उपभोक्ताओं पर 5,000 रुपए से अधिक का बिजली बिल बकाया है, उनके कनेक्शन नियमानुसार तुरंत विच्छेदित किए जाएंगे। इसके बावजूद यदि कोई उपभोक्ता बिना अनुमति के दोबारा बिजली जोड़ते हुए पाया जाता है, तो उसके खिलाफ विद्युत अधिनियम 2003 की धारा 135 और 138 के तहत पुलिस थाने और सक्षम न्यायालय में मामला दर्ज कराया जाएगा।
लापरवाह अधिकारियों पर गिरेगी गाज
राजस्व वसूली के निर्धारित लक्ष्य को पूरा न करने और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बरतने वाले जेई (Junior Engineer) और एई (Assistant Engineer) के खिलाफ सख्त प्रशासनिक कार्रवाई की जाएगी। ऐसे अधिकारियों की वेतन वृद्धि रोकने या वेतन रोकने जैसे कदम उठाए जा सकते हैं। प्रबंध निदेशक भीम सिंह ने चेतावनी दी है कि बकाया राशि की वसूली कंपनी की सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसमें ढिलाई बर्दाश्त नहीं होगी।
रोजाना भेजी जाएगी रिपोर्ट
निर्देश के अनुसार, अब बड़े बकायेदारों की प्राथमिकता सूची तैयार की जाएगी। रोजाना डिस्कनेक्शन और वसूली की प्रगति रिपोर्ट उच्च कार्यालय को भेजी जाएगी। इस उच्च स्तरीय बैठक में मुख्य अभियंता (राजस्व) राजेश प्रसाद, अतिरिक्त मुख्य अभियंता बीएल वर्मा व केसी भारती समेत एसई, ईई, एई और जेई स्तर के तमाम अधिकारी मौजूद रहे।